आत्माराम त्रिपाठी
बांदा बबेरू एवं अतर्रा तहसील के किसानों का बिसंडा बिजली घर पर अनिश्चितकालीन अनशन गुरुवार को दूसरे दिन भी जारी रहा। किसान बिजली, पानी और अन्ना जानवरों की समस्याओं को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। इस दौरान नायब तहसीलदार अतर्रा बिजली घर पहुंचे और किसानों से वार्ता की, लेकिन किसानों ने स्पष्ट कर दिया कि जब तक जमीनी स्तर पर ठोस समाधान नहीं होगा तब तक शांतिपूर्ण आंदोलन जारी रहेगा।
किसानों का कहना है कि अधिकारी केवल सांत्वना देकर आश्वासन दे देते हैं और बाद में जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लेते हैं। समाजसेवी पीसी पटेल जनसेवक ने कहा कि यदि जनप्रतिनिधि किसानों के साथ मिलकर स्थलीय निरीक्षण करें और 132 केवीए ग्रिड स्टेशन कोर्रम से बिसंडा बिजली घर तक 33 हजार केवीए लाइन का कार्य तेजी से करवाएं तो ही किसानों की धान की फसल बच पाएगी। उन्होंने कार्यदाई संस्था को समयबद्ध लाइन बनवाने के निर्देश देने की मांग की।
पीसी पटेल ने जनता द्वारा चुने गए जनप्रतिनिधियों से अपील की कि वे बड़ा दिल दिखाते हुए किसानों की मूलभूत समस्याओं का समयबद्ध निस्तारण कराएं और आंदोलन में खुलकर सहयोग करें। किसानों का कहना है कि बिजली की अनियमित आपूर्ति से खेती संकट में है और अन्ना जानवरों से भी फसलों को भारी नुकसान हो रहा है।
इस मौके पर अनशन में डॉ. छुट्टू, केशव प्रसाद, बृजकिशोर पटेल, मोहित, धीरेन्द्र पटेल, छोटेलाल, रामबहोरी पटेल, गया प्रसाद, संतोष सिंह, अनिल पटेल, संतोष मिश्रा, राजधर शुक्ला, विकास सिंह, अनिल राजपूत, दिनेश मुस्तरी, शराफत खान, विनोद विश्वकर्मा, अरुण द्विवेदी, लवकुश सहित सैकड़ों किसान मौजूद रहे।

