पूरनपुर/ पीलीभीत।वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में गुरुवार को रामस्वरूप रामदुलारी सरस्वती विद्या मंदिर सीनियर सेकेंडरी स्कूल, पूरनपुर में आचार्यों की सामूहिक वंदे मातरम् लेखन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय के सभी आचार्य एवं आचायार्ओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए वंदे मातरम् का सामूहिक लेखन किया तथा इसके शुद्ध उच्चारण, भाव और प्रस्तुति का अभ्यास किया। विद्यालय परिसर पूरे समय राष्ट्रभक्ति के वातावरण से ओतप्रोत रहा।कार्यक्रम के दौरान आयोजित परिचर्चा में बताया गया कि विद्या भारती शिक्षा समिति, ब्रज प्रदेश के निर्देशन में आगामी 29 सितंबर को देशव्यापी स्तर पर वंदे मातरम् का सामूहिक गायन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस विशेष आयोजन में देशभर के विद्यार्थी, आचार्य परिवार, समिति सदस्य, अभिभावक, पूर्व छात्र एवं विभिन्न विद्यालयों के प्रतिनिधि एक साथ, एक समय और एक स्वर में वंदे मातरम् का गायन करेंगे। इस ऐतिहासिक कार्यक्रम को गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज कराने का लक्ष्य भी निर्धारित किया गया है।विद्यालय प्रशासन ने बताया कि लेखन प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य आचार्यों को वंदे मातरम् का शुद्ध एवं प्रभावी लेखन और गायन का अभ्यास कराना है, ताकि वे विद्यार्थियों को भी सही उच्चारण, लय और भाव के साथ इसका अभ्यास करा सकें। इस अवसर पर राष्ट्रभक्ति, राष्ट्रीय एकता, सांस्कृतिक विरासत और भारतीय जीवन मूल्यों पर भी विस्तार से चर्चा की गई।वक्ताओं ने कहा कि वंदे मातरम् केवल एक गीत नहीं, बल्कि राष्ट्र के प्रति समर्पण, स्वाभिमान और भारतीय संस्कृति का जीवंत प्रतीक है। यह गीत स्वतंत्रता संग्राम के दौरान देशवासियों के लिए प्रेरणा का स्रोत रहा और आज भी नई पीढ़ी में राष्ट्रप्रेम की भावना जागृत करने का महत्वपूर्ण माध्यम है।कार्यक्रम के अंत में सभी आचार्यों ने आगामी 29 सितंबर को होने वाले सामूहिक वंदे मातरम् गायन कार्यक्रम को सफल बनाने का संकल्प लिया। विद्यालय प्रबंधन ने विश्वास जताया कि इस प्रकार के आयोजन विद्यार्थियों में राष्ट्रप्रेम,अनुशासन, सांस्कृतिक चेतना और राष्ट्रीय एकता की भावना को और अधिक सुदृढ़ करेंगे।

