देश

national

अपहरण कर युवक की हत्या करने पर शव को सड़क पर रख परिजनों ने किया चक्काजाम

Saturday, December 24, 2022

/ by Today Warta



रावेंद्र शुक्ला 

लालापुर प्रयागराज क्षेत्र के कौंधियारा में 22 दिसम्बर को दिनदहाड़े एक युवक का अपहरण कर अपहरणकर्ताओं ने एक लाख रुपये की फिरौती माँगी।घरवाले पैसे देने को तैयार भी हुये। लेकिन युवक की हत्या कर दी गई।हत्या करने के बाद शव को 20 किमी दूर खीरी थाना क्षेत्र में फेंका। 23 दिसम्बर को गुमशुदगी की रिपोर्ट के तहत पुलिस ने परिजनों को जानकारी दी, जिसमें 1 नामजद व छह अज्ञात लोगों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद शव घर पहुंचा तो परिजन आक्रोशित हो उठे।परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार नहीं किया।आज सुबह से ही शव को सड़क पर रखकर प्रदर्शन कर रहे हैं।परिजनों द्वारा पुलिस पर कार्यवाही न करने का आरोप लगाया है।परिजन उच्चाधिकारियों को बुलाने पर अड़े हुए हैं।सूचना देने के बाद भी पुलिस ने लापरवाही की, लेकिन कार्यवाही नहीं की गई।घटना के 12 घंटे तक पुलिस खामोश बनी रही।शव मिलने पर पुलिस सक्रिय हुई और रात के लगभग एक बजे अपहरण की रिपोर्ट दर्ज हुई।पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर पता चला कि गुलाबचंद के शरीर पर दो दर्जन से अधिक गंभीर चोटों के निशान हैं, गले पर भी चोट लगी है, पीट पीटकर व गला घोंटकर हत्या करने की भी बात कही जा रही है।शंकरगढ़ थाना क्षेत्र के बसहरा उपरहार गाँव निवासी गुलाबचंद (40वर्ष)मजदूरी करता था।परिवार में पत्नी संगीता, बेटी गुंजा और 2 बेटे गुलशन व विवेक हैं।गुलाबचंद 22 दिसम्बर को भतीजे संतोष कुमार के साथ अपने साढू अर्जुन कुमार के घर कौंधियारा गया था।संतोष ने बताया कि साढू अर्जुन कुमार के घर के बाहर ही बैठे थे। तभी सफेद रंग की गाड़ी से चार लोग आये और चाचा को जबरन गाड़ी में बैठा कर चले गए।उनके पास हथियार भी थे,इसलिए हमलोग कुछ नहीं कर सके। बाद में उन लोगों ने फोन पर एक लाख रुपये की फिरौती माँगी।हमलोगों ने हामी भरी और पैसों के जुगाड़ में लग गए। रात में आरोपियों का फोन स्विच ऑफ बताने लगा।तभी रात 11 बजे खीरी थाने से एक शव मिलने की जानकारी हुई।थाने पहुंचकर शिनाख्त करने पर चाचा के शव को देखा।संतोष ने गाँव के भोला पर आरोप लगाया है, कहा कि 21 दिसम्बर की शाम को गुलाब के बेटे गुलशन और भोला के बेटों के विवाद हुआ था।गुलशन रास्ते से जा रहा था, तब दूसरे पक्ष ने गाली गलौज की,विरोध करने पर पत्थरों से हमला कर दिया। इसके बाद उनलोगों ने मारपीट की, जिसमें भोला व उसका बेटा घायल हो गया था। संतोष ने कहा कि अपहरणकर्ताओं में ननकऊ, जोकि भोला का भतीजा है,उन्हीं दोनों ने मिलकर चाचा की हत्या करवाई है। अब तक पुलिस ने कोई उचित कार्यवाही नहीं किया है, इसी कारण से चक्काजाम लगाया जा रहा है।अगर समय रहते पुलिस कार्यवाही कर देती,तो गुलाबचंद की जान बच सकती थी।पुलिस उपायुक्त सौरभ दीक्षित ने बताया कि परिजनों को समझाया जा रहा है, फिलहाल अपहरण का मुकदमा सात लोगों पर दर्ज है और हत्या की जाँच पड़ताल के लिए टीमों का गठन किया गया है।

Don't Miss
© all rights reserved
Managed by 'Todat Warta'