रावेंद्र शुक्ला
प्रयागराज। यातायात माह नवम्बर में भी ट्रैफिक नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। जिले भर की सड़कों पर वाहन चालक बेखौफ होकर नियम तोड़ रहे हैं। परिवहन और यातायात विभाग खानापूर्ति भर कर रहा है। जागरुकता के बजाए चालान काटने पर अधिक फोकस किया जा रहा है। जिले में अभियान फोटो खिंचवाने तक सीमित है। दूसरी तरफ ई-रिक्शा चालक पर यातायात नियमों का कोई भी असर दिखता हुआ नजर नहीं आ रहा है। चौराहे पर खड़े पुलिस के जवान ई-रिक्शा चालकों पर शिकंजा नहीं कस रहे है। नाबालिग बच्चे भी ई-रिक्शा चलाते नजर आ रहे हैं लेकिन पुलिस के जवान आंखें मूंदे बैठे है। शहर के कई इलाकोंं में इनकी वजह से जाम की स्थिति बन जा रही है। परिणाम है कि ट्रैफिक नियमों को लेकर चालकों में गंभीरता नहीं दिख रही है। नेशनल हाईवे हो, स्टेट हाईवे हो अथवा गांवों की सड़कें, हर जगह यातायात नियमों की अनदेखी साफ नजर आ रही है। बाइक चालक ट्रिपलिंग करते हैं, ऊपर से हेलमेट भी नहीं लगाते। इनकी स्पीड का कोई ठिकाना नहीं होता। कार चालक तो 90 प्रतिशत बिना सीट बेल्ट के नजर आते हैं। सभ्रांत लोगों का कहना है कि चालान काटने के बजाए जागरुकता फैलाई जाए तो व्यवस्था में काफी हद तक सुधार आ सकता है।

Today Warta